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शनिवार, 6 अप्रैल 2013

"The Miracle of Green Tea"


वैज्ञानिकों के एक शोध के अनुसार  नियमित रूप से ग्रीन टी और कॉफी को अपने आहार में शामिल करना दिल के लिए फायदेमंद हो सकता है।अमेरिकी हार्ट एसोसिएशन की पत्रिका में प्रकाशित रिपोर्ट के अनुसार, यदि आप नियमित रूप से ग्रीन टी और कॉफी का सेवन करते हैं तो इससे हृदयाघात का खतरा कम हो जाता है।
            जापान के नेशनल सेरेबरल एंड कार्डियोवैसक्युलर सेंटर के प्रमुख शोधकर्ता योशिहिरो कोकुबो ने कहा, ग्रीन टी और कॉफी के सेवन से हृदयाघात का खतरा कम होने के बारे में यह पहला व्यापक अध्ययन है। `साइंस डेली` के अनुसार, शोधकर्ताओं ने पाया कि लोग जितना ज्यादा ग्रीन टी और कॉफी का सेवन करते हैं, हृदयाघात का खतरा उतना ही कम होता है।पेयजल के बाद चाय और कॉफी पूरी दुनिया में सबसे ज्यादा सेवन किए जाने वाले पेय पदार्थ हैं।
                                                                                      
                                             एक व्यस्क व्यक्ति द्वारा इसका नियमित सेवन कई रोगों से छुटकारा ही नहीं दिलाता बल्कि कई रोगों के प्रति शरीर के रोग प्रतिरोधक क्षमता भी बढ़ाती है। ग्रीन टी एंटी-एजिंग के साथ-साथ एंटी-ऑक्सीडेंट का काम भी करती है। अति व्यस्तता के कारण नियमित व्यायाम न कर पाने वाले लोगों के लिये उन्हें ग्रीन टी का नियमित सेवन करना काफी लाभदायक सिद्ध होता है। इसमें दूध नहीं मिलाना चाहिए क्योंकि इससे उसकी एंटी-आक्सीडेंट तत्व समाप्त हो जाती है। यह चाय कालेस्ट्रोल को भी नियत्रित करने में सहायक होती है। इसका प्रयोग शरीर में उपापचय दर या वसा ऑक्सीकरण को भी बढ़ाता है। इसके सेवन से मस्तिष्क के उत्तकों को मृत होने से रोका जा सकता है। ग्रीन टी को भाप पर बनाना चाहिए।
ग्रीन टी के नियमित सेवन से न सिर्फ वजन नियंत्रित होता है, बल्कि उनमें कई तरह की बीमारियों के होने की संभावना भी कम हो जाती है। इसके सेवन से कैंसर जैसी जानलेवा बीमारी से भी बचा जा सकता है। जापान में आमतौर पर लोग खाने के दौरान भी ग्रीन टी का सेवन करते हैं जो खाना पचाने में तो मदद करती ही है और हृदय रोग से भी सहायक सिद्ध होती है।
                                              अध्ययनों के अनुसार दांतों के लिए भी ग्रीन-टी काफी लाभदायक है। जीवाणु, विषाणु और गले के संक्रमण से भी यह बचाव करती है। ग्रीन टी में पॉलीफिनोल्स होते हैं, जो दांतों को केविटी से बचाते हैं। इसके अलावा कैंसर से बचाव, ब्लैडर, कोलन, इसोफेगल, पैनक्रियाज, रेक्टम और पेट के कैंसर से ग्रीन टी काफी बचाव करती है। इसमें उपस्थित तत्व ऐसी कोशिकाओं को कम या न के बराबर पनपने देते हैं। इससे खून के थक्के जमने की समस्या भी कम होती एंटी इंफ्लेमेटरी होने के कारण इसमें दर्द को कम करने की क्षमता होती है। इसमें उपस्थित कुछ एंटी-ऑक्सीडेंट्स ऑर्थराइटिस के खतरे को कम भी करते हैं। ग्रीन टी यकृत की दो तरह से सुरक्षा करती है। पहले तो यह लीवर की कोशिकाओं की सुरक्षा करती है और दूसरे प्रतिरोधी प्रणाली को भी मजबूत बनाती है। गर्भावस्था के दौरान यह शरीर को लौह, कैल्शियम और मैग्नेशियम की मात्रा देती है।रात को सोते वक्त और भूख लगने पर कैफीन नहीं पीना चाहिये। रात को पीने से यह भूख बढ़ाता है और नींद में समस्या आती है। जबकि ग्रीन टी रात में भी पी सकते हैं, क्योंकि इसमें सिर्फ कैफीन की मात्रा कम होती है।

कुछ मुख्य उपयोगिता  ग्रीन टी की :
1. प्रतिरक्षा तंत्र मजबूत: इसमें मौजूद विटमिन सी, पॉलीफिनॉल्स के अलावा अन्य एंटीआक्सीडेंट शरीर के फ्री रेडीकल्स को नष्ट कर प्रतिरक्षा तंत्र सुदृढ़ बनाता है। दिन में तीन से चार कप ग्रीन टी शरीर में 300-400 मि.ग्राम पॉलीफिनॉल पहुंचाती है, जो रोग-मुक्त रखने में बेहद मददगार है।
2. कैंसर रखे दूर: ग्रीन टी कैंसर सेल बढ़ने से रोकती है। इसके नियमित प्रयोग से पाचन नली और मूत्राशय के कैंसर की आशंका न के बराबर रहती है।
3.स्वस्थ हृदय: उबाल कर पीने वाली चाय की तुलना में ग्रीन टी वसा बढ़ने की दर नियंत्रित करती है, जिससे शरीर में कोलेस्ट्रॉल की मात्रा भी संतुलित रहती है। रक्तचाप सामान्य रहता है। ये खून को पतला बनाए रखती है जिससे ब्लड में थक्का नहीं बन पाता। इसको पीने से स्ट्रोक की आशंका भी कम रहती है।
4. वजन संतुलित: भोजन के बाद एक कप ग्रीन टी पाचन की गति बढ़ा देती है। इसमें मौजूद कैफीन से कैलरी खर्च करने की गति भी बढ़ जाती है। वजन संतुलित रखने में मदद मिलती है। 
5.मधुमेह: ग्रीन टी की नियमित सेवन से बाद रक्त में शर्करा की वृद्धि को धीमा करता है. खाना कहने के बाद बढ़ने वाले शुगर को कंट्रोल करने में मदद मिलती है.
6.कोलेस्ट्रॉल:ग्रीन टी रक्त में खराब कोलेस्ट्रॉल कम कर देता है और अच्छा कोलेस्ट्रॉल के अनुपात में सुधार लाता है.
7.दातों की सुरक्षा: ग्रीन टी Catechine नामक वैक्टीरिया को खत्म कर दांतों और गले के संक्रमण को रोकता है.

13 टिप्‍पणियां:

  1. हरित चाय से हरित क्रांति आ रही है...सुंदर लेख

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  2. बेहद उपयोगी जानकारी राजेंदर जी, चाय का प्रयोग मै अधिक ही करता हूँ,अब से ग्रीन टी का ही उपयोग करूँगा।

    -अपनी लिखी सामिग्री का ऑडियो बनाएं-

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  3. बेहद उपयोगी जानकारी |

    कभी यहाँ भी पधारें और लेखन भाने पर अनुसरण अथवा टिपण्णी के रूप में स्नेह प्रकट करने की कृपा करें |
    Tamasha-E-Zindagi
    Tamashaezindagi FB Page

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  4. व्यापक जानकारी और बढ़िया अप डेट लिए रहतीं हैं आपकी पोस्ट .ग्रीन टी ,चाय ,कोफी के बारे में बढ़िया रपट .

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  5. विरेन्‍द्र शर्मा जी आप बहुत ही उपयोगी कार्य कर रहे हैं।

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  6. बड़ी दिलचस्प जानकारी है। ग्रीन टी अब से मै भी यूज करूँगा। ख़ास कर खाने के बाद। देखते हैं की कितना वजन नियंत्रण रहता है।

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  7. बहुत ही स्वास्थवर्धक जानकारी,मैं भी सुबह में ग्रीन टी लेता हूँ.

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  8. ग्रीन टी के बारे में बहुत ही अच्छी जानकारी दी,वैसे तो आपका हर पोस्ट ही बहुत उपयोगी होता है.स्वास्थ्य पर आलेख लिखने पर सबका भला होता है न की आपका,धन्यबाद.

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  9. वाकई बहुत ही बढ़िया जानकारी मिली ...साभार !!

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  10. व्यापक जानकारी चाय और काफी के बारे में.

    धन्यबाद.

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